बम, स्नाइपर और केमिकल हमला भी फेल! जानिए दिल्ली पहुँचीं पुतिन और शी जिनपिंग की कारों के सीक्रेट फीचर्स
अभी BRICS 2026 का आयोजन हो रहा है और इसमें हिस्सा लेने के लिए दुनिया के कई बड़े और ताकतवर नेता दिल्ली पहुंचे हैं। जब दुनिया के शीर्ष नेता किसी अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में पहुंचते हैं, तो सिर्फ उनकी मुलाकातें और बातचीत ही चर्चा में नहीं रहतीं, बल्कि उनके काफिले और खास गाड़ियां भी लोगों का ध्यान खींचती हैं।
इस बार रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग की कारें भी चर्चा का विषय बनी हुई हैं।
दोनों गाड़ियां सिर्फ लग्जरी कारें नहीं हैं। इन्हें सुरक्षा, तकनीकी आत्मनिर्भरता, राष्ट्रीय प्रतिष्ठा और अपने-अपने देशों की ताकत के प्रतीक के तौर पर देखा जाता है।
Aurus Senat: पुतिन की 'चलती-फिरती किले' जैसी काररूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन आमतौर पर बड़े सुरक्षा काफिले के साथ सफर करते हैं। विदेश यात्राओं के दौरान उनके लिए खास तौर पर तैयार Aurus Senat लिमोजिन का इस्तेमाल किया जाता है।
Aurus Senat को रूस के Kortezh प्रोजेक्ट के तहत विकसित किया गया था। इसका उद्देश्य रूस के शीर्ष नेतृत्व के लिए ऐसी स्वदेशी कार तैयार करना था, जो विदेशी लग्जरी कारों पर निर्भरता को कम कर सके।
इस कार को पहली बार 2018 में पेश किया गया था। इसका डिजाइन सोवियत दौर की प्रसिद्ध ZIS-110 लिमोजिन से प्रेरित है, जिसकी वजह से कार को बेहद शाही और गंभीर लुक मिलता है।
इंजन भी बेहद दमदारAurus Senat के स्टैंडर्ड मॉडल में 4.4-लीटर ट्विन-टर्बो V8 हाइब्रिड पावरट्रेन दिया जाता है।
यह भारी-भरकम लिमोजिन करीब 6 सेकंड में 0 से 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार पकड़ सकती है और इसकी अधिकतम स्पीड लगभग 249 किलोमीटर प्रति घंटा बताई जाती है।
सुरक्षा में भी बेहद आगेपुतिन की कार की सबसे बड़ी खासियत इसकी सुरक्षा है। इसके बख्तरबंद वर्जन में मजबूत आर्मरिंग, मल्टी-लेयर बुलेटप्रूफ ग्लास और रन-फ्लैट टायर जैसे सुरक्षा फीचर्स शामिल बताए जाते हैं।
कार में सुरक्षित फ्यूल टैंक, इमरजेंसी एग्जिट और अलग एयर-फिल्ट्रेशन सिस्टम जैसी सुविधाएं भी बताई जाती हैं। यानी किसी गंभीर खतरे की स्थिति में भी राष्ट्रपति की सुरक्षा को प्राथमिकता दी जाती है।
Aurus Senat का सिविलियन वर्जन भी सीमित संख्या में उपलब्ध कराया जाता है, लेकिन राष्ट्रपति के लिए इस्तेमाल होने वाला सिक्योरिटी वर्जन इससे कहीं ज्यादा खास और सुरक्षित है।
Hongqi N701: शी जिनपिंग की खास राष्ट्रपति कारअब बात करते हैं चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग की खास कार Hongqi N701 की।
N701 को चीन की टॉप-लेवल सरकारी कारों में शामिल माना जाता है। इसकी लंबाई करीब 5.5 मीटर से ज्यादा और वजन 3 टन से अधिक होने की बात सामने आती है। इसके भारी वजन की एक बड़ी वजह इसका बख्तरबंद ढांचा और सुरक्षा से जुड़े उपकरण माने जाते हैं।
चीन सरकार इस कार की सटीक सुरक्षा तकनीक सार्वजनिक नहीं करती। हालांकि रिपोर्ट्स में इसमें भारी आर्मरिंग, बुलेटप्रूफ ग्लास, मजबूत बॉडी और खास सुरक्षा वाले पहियों व टायरों जैसी सुविधाओं का जिक्र किया जाता है।
Hongqi N701 में राष्ट्रपति के सफर के दौरान सुरक्षित बातचीत और सरकारी कामकाज के लिए अत्यधिक सुरक्षित कम्युनिकेशन सिस्टम होने की बात कही जाती है। इसके अलावा इसमें स्वतंत्र लाइफ-सपोर्ट और एयर-फिल्ट्रेशन जैसी सुरक्षा व्यवस्थाएं भी होने का अनुमान है।
इसकी पावरट्रेन को लेकर भी आधिकारिक जानकारी सीमित है। रिपोर्ट्स में 6.0-लीटर V12 इंजन की संभावना जताई गई है, जबकि Hongqi के V8 इंजन को लेकर भी चर्चा होती रही है।
इसका डिजाइन Hongqi L5 से मिलता-जुलता दिखाई देता है, लेकिन N701 को आकार और सुरक्षा के मामले में और ज्यादा खास माना जाता है।
पुतिन की Aurus Senat और जिनपिंग की Hongqi N701 को सिर्फ राष्ट्रपति की सवारी समझना सही नहीं होगा। दोनों कारें अपने-अपने देशों की तकनीकी क्षमता और आत्मनिर्भरता का प्रतीक भी हैं।
रूस के लिए Aurus Senat यह दिखाती है कि देश अपने शीर्ष नेतृत्व के लिए अत्यधिक सुरक्षित और लग्जरी कार खुद विकसित कर सकता है। वहीं चीन के लिए Hongqi N701 उसके स्वदेशी ऑटोमोबाइल और सुरक्षा टेक्नोलॉजी की ताकत को प्रदर्शित करती है।
यही वजह है कि BRICS 2026 में नेताओं की बैठकों और कूटनीतिक गतिविधियों के साथ-साथ पुतिन और जिनपिंग की इन खास कारों पर भी दुनिया की नजरें टिकी हुई हैं।