SBI vs HDFC vs IndusInd: 5 लाख के निवेश पर किस बैंक में मिलेगा सबसे ज्यादा मुनाफा? यहाँ करें तुलना
भारतीयों के लिए सुरक्षित निवेश की बात हो तो फिक्स्ड डिपॉजिट यानी एफडी आज भी सबसे भरोसेमंद विकल्प माना जाता है। खासकर उन लोगों के लिए जो जोखिम लेना पसंद नहीं करते और कम समय (जैसे 1 साल) के लिए पैसा जमा करके गारंटीड रिटर्न पाना चाहते हैं। नौकरीपेशा लोगों से लेकर वरिष्ठ नागरिकों तक, 1 साल की एफडी स्कीम हर किसी के बीच काफी लोकप्रिय है। हालांकि, सभी बैंक एक जैसा ब्याज नहीं देते हैं। इसलिए 5 लाख रुपये जैसी बड़ी राशि निवेश करने से पहले यह जानना जरूरी है कि आपको सबसे ज्यादा मुनाफा कहां मिल सकता है।
1 साल की एफडी में कौन है आगे?
अक्सर निवेशक सरकारी बैंकों की सुरक्षा और प्राइवेट बैंकों के ऊंचे ब्याज के बीच उलझे रहते हैं। वर्तमान बाजार के आंकड़ों के अनुसार, 1 साल की अवधि के लिए इंडसइंड बैंक ब्याज दरों के मामले में दूसरों से काफी बेहतर प्रदर्शन कर रहा है।
रिटर्न का गणित: इस बैंक में 1 साल की एफडी पर ब्याज दर लगभग 6.75 प्रतिशत है। इसका मतलब है कि यदि आप 1 साल के लिए 5 लाख रुपये जमा करते हैं, तो आपको मैच्योरिटी पर लगभग 5,34,614 रुपये वापस मिलेंगे। यह राशि कई अन्य बड़े बैंकों की तुलना में अधिक है।
बड़े बैंकों की ब्याज दरों की तुलना
देश के बड़े सरकारी और निजी बैंक ग्राहकों को लुभाने के लिए 1 साल की अवधि पर काफी आकर्षक ब्याज दरें दे रहे हैं। भारतीय स्टेट बैंक (SBI), एचडीएफसी (HDFC), आईसीआईसीआई (ICICI), एक्सिस (Axis) और केनरा बैंक जैसे टॉप लेवल के बैंक फिलहाल 1 साल की एफडी पर करीब 6.25 प्रतिशत की ब्याज दर ऑफर कर रहे हैं।
निवेश का परिणाम: यदि आप इस ब्याज दर पर 5 लाख रुपये का निवेश करते हैं, तो 1 साल के अंत में आपको लगभग 5.32 लाख रुपये (अनुमानित 5,31,990 रुपये) मिलेंगे। हालांकि एसबीआई एक सरकारी बैंक है और इसकी दरें निजी बैंकों से थोड़ी कम हो सकती हैं, लेकिन गारंटीड रिटर्न के तौर पर 6.25 प्रतिशत का ब्याज बुरा नहीं है।
बैंक ऑफ बड़ौदा की वर्तमान दर
दूसरी ओर सरकारी क्षेत्र का बैंक ऑफ बड़ौदा 1 साल की एफडी पर 6.10 प्रतिशत ब्याज दे रहा है। गणना के अनुसार अगर आप यहाँ 5 लाख रुपये जमा करते हैं, तो 1 साल बाद आपको करीब 5,31,205 रुपये वापस मिलेंगे। हालांकि यह अन्य समकालीन बैंकों की तुलना में थोड़ा कम है, लेकिन सरकारी स्वामित्व के कारण कई लोग इसे अधिक सुरक्षित मानते हैं।
निवेश करने से पहले क्या करें?
एफडी कराने से पहले केवल ब्याज दर देखना ही काफी नहीं है, बैंक की विश्वसनीयता की जांच करना भी जरूरी है।
याद रखें कि 5 लाख रुपये के निवेश पर 0.50 प्रतिशत का अंतर भी मैच्योरिटी की राशि में बड़ा बदलाव ला सकता है।
डिस्क्लेमर: यह रिपोर्ट केवल सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए है। बाजार में ब्याज दरें घटती-बढ़ती रहती हैं। निवेश करने से पहले संबंधित बैंक की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं और यदि आवश्यक हो तो वित्तीय सलाहकार से सलाह लें। न्यूज़पॉइंट किसी भी वित्तीय लाभ या हानि के लिए जिम्मेदार नहीं होगा।
1 साल की एफडी में कौन है आगे?
अक्सर निवेशक सरकारी बैंकों की सुरक्षा और प्राइवेट बैंकों के ऊंचे ब्याज के बीच उलझे रहते हैं। वर्तमान बाजार के आंकड़ों के अनुसार, 1 साल की अवधि के लिए इंडसइंड बैंक ब्याज दरों के मामले में दूसरों से काफी बेहतर प्रदर्शन कर रहा है। रिटर्न का गणित: इस बैंक में 1 साल की एफडी पर ब्याज दर लगभग 6.75 प्रतिशत है। इसका मतलब है कि यदि आप 1 साल के लिए 5 लाख रुपये जमा करते हैं, तो आपको मैच्योरिटी पर लगभग 5,34,614 रुपये वापस मिलेंगे। यह राशि कई अन्य बड़े बैंकों की तुलना में अधिक है।
बड़े बैंकों की ब्याज दरों की तुलना
देश के बड़े सरकारी और निजी बैंक ग्राहकों को लुभाने के लिए 1 साल की अवधि पर काफी आकर्षक ब्याज दरें दे रहे हैं। भारतीय स्टेट बैंक (SBI), एचडीएफसी (HDFC), आईसीआईसीआई (ICICI), एक्सिस (Axis) और केनरा बैंक जैसे टॉप लेवल के बैंक फिलहाल 1 साल की एफडी पर करीब 6.25 प्रतिशत की ब्याज दर ऑफर कर रहे हैं। निवेश का परिणाम: यदि आप इस ब्याज दर पर 5 लाख रुपये का निवेश करते हैं, तो 1 साल के अंत में आपको लगभग 5.32 लाख रुपये (अनुमानित 5,31,990 रुपये) मिलेंगे। हालांकि एसबीआई एक सरकारी बैंक है और इसकी दरें निजी बैंकों से थोड़ी कम हो सकती हैं, लेकिन गारंटीड रिटर्न के तौर पर 6.25 प्रतिशत का ब्याज बुरा नहीं है।
बैंक ऑफ बड़ौदा की वर्तमान दर
दूसरी ओर सरकारी क्षेत्र का बैंक ऑफ बड़ौदा 1 साल की एफडी पर 6.10 प्रतिशत ब्याज दे रहा है। गणना के अनुसार अगर आप यहाँ 5 लाख रुपये जमा करते हैं, तो 1 साल बाद आपको करीब 5,31,205 रुपये वापस मिलेंगे। हालांकि यह अन्य समकालीन बैंकों की तुलना में थोड़ा कम है, लेकिन सरकारी स्वामित्व के कारण कई लोग इसे अधिक सुरक्षित मानते हैं। निवेश करने से पहले क्या करें?
एफडी कराने से पहले केवल ब्याज दर देखना ही काफी नहीं है, बैंक की विश्वसनीयता की जांच करना भी जरूरी है। - अगर आप सबसे ज्यादा रिटर्न चाहते हैं, तो आप इंडसइंड बैंक या अच्छी गुणवत्ता वाले प्राइवेट बैंक की ओर देख सकते हैं।
- यदि आप ब्याज दरों में थोड़े अंतर के बावजूद पूरी सुरक्षा चाहते हैं, तो एसबीआई या बैंक ऑफ बड़ौदा जैसे सरकारी बैंक को चुनना समझदारी होगी।
याद रखें कि 5 लाख रुपये के निवेश पर 0.50 प्रतिशत का अंतर भी मैच्योरिटी की राशि में बड़ा बदलाव ला सकता है।
डिस्क्लेमर: यह रिपोर्ट केवल सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए है। बाजार में ब्याज दरें घटती-बढ़ती रहती हैं। निवेश करने से पहले संबंधित बैंक की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं और यदि आवश्यक हो तो वित्तीय सलाहकार से सलाह लें। न्यूज़पॉइंट किसी भी वित्तीय लाभ या हानि के लिए जिम्मेदार नहीं होगा।
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