प्रॉपर्टी टैक्स में बंपर छूट, पुराने ब्याज और पेनल्टी से पाएं पूरी राहत
राजधानी में रहने वाले संपत्ति मालिकों के लिए एक बड़ी और राहत देने वाली खबर सामने आई है। नगर निगम ने लंबे समय से उलझे संपत्ति कर के मामलों और टैक्स विवादों को खत्म करने के लिए एक शानदार योजना की शुरुआत की है। इस राहत भरी योजना को "संपत्ति कर निपटान योजना (सुनियो 2) वन प्लस सेवन" नाम दिया गया है।
मंगलवार से लागू हुई इस खास योजना के तहत टैक्स देने वाले नागरिकों को बिना किसी अतिरिक्त ब्याज या जुर्माने के अपना पुराना बकाया टैक्स जमा करने का बेहतरीन मौका दिया जा रहा है।
आखिर क्या है यह वन प्लस सेवन स्कीम?
आम लोगों को आसानी से समझाने के लिए नगर निगम ने इस योजना का नाम 'वन प्लस सेवन' रखा है। यहां 'वन' का मतलब चालू वित्तीय वर्ष 2026-27 के मूल संपत्ति कर से है। वहीं 'सेवन' का अर्थ पिछले सात वित्तीय वर्षों के मूल संपत्ति कर से है। अगर कोई टैक्सदाता चालू वर्ष (2026-27) के साथ-साथ पिछले सात सालों का मूल टैक्स जमा कर देता है, तो उसे 2019-20 से पहले के सभी बकाया टैक्स पर लगे ब्याज और जुर्माने से पूरी तरह मुक्ति मिल जाएगी।
31 दिसंबर 2026 तक उठा सकते हैं योजना का फायदा
अधिकारियों के अनुसार, इस योजना का लाभ उठाने की अंतिम तिथि 31 दिसंबर 2026 तय की गई है। ब्याज और जुर्माने में छूट पाने के लिए संपत्ति मालिकों को इस तारीख से पहले अपना मूल टैक्स जमा करना अनिवार्य होगा।
लोगों को जागरूक करने के लिए नगर निगम एसएमएस (SMS) और मैसेज के जरिए बकायेदारों को इसकी जानकारी भेजेगा। इसके अलावा, निगम के अधिकारी ग्रुप हाउसिंग सोसायटियों, आरडब्ल्यूए (RWA), मार्केट एसोसिएशनों और व्यापारिक संगठनों के साथ मिलकर विशेष जागरूकता अभियान और टैक्स कलेक्शन कैंप भी लगाएंगे।
मंगलवार से लागू हुई इस खास योजना के तहत टैक्स देने वाले नागरिकों को बिना किसी अतिरिक्त ब्याज या जुर्माने के अपना पुराना बकाया टैक्स जमा करने का बेहतरीन मौका दिया जा रहा है।
आखिर क्या है यह वन प्लस सेवन स्कीम?
आम लोगों को आसानी से समझाने के लिए नगर निगम ने इस योजना का नाम 'वन प्लस सेवन' रखा है। यहां 'वन' का मतलब चालू वित्तीय वर्ष 2026-27 के मूल संपत्ति कर से है। वहीं 'सेवन' का अर्थ पिछले सात वित्तीय वर्षों के मूल संपत्ति कर से है। अगर कोई टैक्सदाता चालू वर्ष (2026-27) के साथ-साथ पिछले सात सालों का मूल टैक्स जमा कर देता है, तो उसे 2019-20 से पहले के सभी बकाया टैक्स पर लगे ब्याज और जुर्माने से पूरी तरह मुक्ति मिल जाएगी।
31 दिसंबर 2026 तक उठा सकते हैं योजना का फायदा
अधिकारियों के अनुसार, इस योजना का लाभ उठाने की अंतिम तिथि 31 दिसंबर 2026 तय की गई है। ब्याज और जुर्माने में छूट पाने के लिए संपत्ति मालिकों को इस तारीख से पहले अपना मूल टैक्स जमा करना अनिवार्य होगा।
लोगों को जागरूक करने के लिए नगर निगम एसएमएस (SMS) और मैसेज के जरिए बकायेदारों को इसकी जानकारी भेजेगा। इसके अलावा, निगम के अधिकारी ग्रुप हाउसिंग सोसायटियों, आरडब्ल्यूए (RWA), मार्केट एसोसिएशनों और व्यापारिक संगठनों के साथ मिलकर विशेष जागरूकता अभियान और टैक्स कलेक्शन कैंप भी लगाएंगे।
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