India GDP Growth: भारत से ज्यादा तेज दौड़ रही है एशिया के इन तीन देशों की इकॉनमी, कौन-कौन हैं लिस्ट में?

Newspoint
नई दिल्ली: आरबीआई ने इस फाइनेंशियल ईयर में देश की जीडीपी ग्रोथ 7.1 फीसदी रहने का अनुमान जताया है। इस साल की पहली तिमाही में यह 7.8 फीसदी रही थी। इसके दूसरी तिमाही में 7.2 परसेंट, तीसरी तिमाही में 6.9 परसेंट और चौथी तिमाही में 6.8 परसेंट रहने का अनुमान है। यानी आगे वाली तिमाहियों में इकॉनमी की रफ्तार सुस्त पड़ने होने की आशंका है। वर्ल्ड बैंक ने भी अपने पिछले अनुमान में सुधार करते हुए भारत की इकॉनमी के इस साल 7.1 फीसदी की रफ्तार से बढ़ने की बात कही है। इसका मतलब है कि भारत दुनिया की बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में सबसे तेजी से बढ़ती इकॉनमी बना रहेगा।
Hero Image

लेकिन सभी अर्थव्यवस्थाओं को शामिल कर लिया जाए तो एशिया में ही तीन देशों की रफ्तार इस साल भारत से ज्यादा रहने की उम्मीद है। एशियन डेवलपमेंट बैंक यानी एडीबी के सितंबर 2026 के आउटलुक के मुताबिक इस साल भारत की जीडीपी ग्रोथ 7 फीसदी रहने का अनुमान है। ताइवान की जीडीपी ग्रोथ 11 फीसदी, किर्गीजस्तान की 8.9 और वियतनाम की 7.8 फीसदी रहने का अनुमान है।

चीन की रफ्तारमध्य एशियाई देश ताजिकिस्तान और उज्बेकिस्तान की इकॉनमी के भी 7 फीसदी की रफ्तार से बढ़ने की उम्मीद है। भारत के पड़ोसी देश भूटान की इकॉनमी 6.5 फीसदी बढ़ने का अनुमान है। जॉर्जिया और तुर्कमेनिस्तान की जीडीपी के 6.3 फीसदी बढ़ने की उम्मीद है। मंगोलिया में 5.7%, इंडोनेशिया 5.2%, आर्मेनिया और सिंगापुर 5% जीडीपी ग्रोथ देखने को मिल सकती है। दो दशक से ग्लोबल इकॉनमी का इंजन बने चीन
की रफ्तार इस साल 4.6% रह सकती है।

इस बीच वर्ल्ड बैंक ने चालू वित्त वर्ष के लिए भारत की जीडीपी ग्रोथ का अनुमान 6.6% से बढ़ाकर 7.1% कर दिया है। यह अप्रैल में लगाए गए अनुमान से 0.5 फीसदी ज्यादा है। वर्ल्ड बैंक का कहना है कि मजबूत घरेलू मांग, कृषि में सुधार, टैक्स में राहत और बेहतर निर्यात के दम पर भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्थाओं में टॉप पर बना हुआ है। वर्ल्ड बैंक ने कहा कि भारत वैश्विक आर्थिक विकास में अहम योगदान दे रहा है।