निवेशकों को राहत, पोस्ट ऑफिस टाइम डिपॉजिट पर पुरानी ब्याज दरें बरकरार
सरकार ने छोटे बचत योजनाओं में निवेश करने वाले लाखों निवेशकों को राहत देते हुए अप्रैल–जून 2026 तिमाही के लिए पोस्ट ऑफिस टाइम डिपॉजिट (TD) की ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया है। जारी अधिसूचना में वित्त मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि सभी छोटी बचत योजनाओं की ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
इसके तहत निवेशकों को 5 वर्षीय पोस्ट ऑफिस टाइम डिपॉजिट पर 7.5% वार्षिक ब्याज मिलता रहेगा। ब्याज दरों को स्थिर रखने का यह निर्णय ऐसे समय में लिया गया है जब सुरक्षित निवेश विकल्प तलाशने वाले लोग बेहतर रिटर्न देने वाली योजनाओं की ओर रुझान बढ़ा रहे हैं।
पोस्ट ऑफिस की टाइम डिपॉजिट (TD) योजना चार अलग-अलग अवधि के लिए उपलब्ध है:
1 वर्ष की TD: 6.9% वार्षिक ब्याज
2 वर्ष की TD: 7.0% वार्षिक ब्याज
3 वर्ष की TD: 7.1% वार्षिक ब्याज
5 वर्ष की TD: 7.5% वार्षिक ब्याज
पोस्ट ऑफिस जमा पर ब्याज की गणना तिमाही (हर तीन महीने) की जाती है और इसे खाते में सालाना (हर वर्ष) जमा किया जाता है।
बैंकों की FD की तुलना में अधिक ब्याज अर्जित करना
देश के प्रमुख बैंकों की फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) की तुलना में पोस्ट ऑफिस निवेशकों को अधिक रिटर्न देता है। उदाहरण के लिए, पोस्ट ऑफिस 5 साल की जमा पर 7.5% ब्याज देता है, जबकि स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) 6.05%, HDFC बैंक 6.15% और ICICI बैंक 6.50% ब्याज प्रदान करते हैं। इसी तरह 1 साल, 2 साल और 3 साल की अवधि में भी पोस्ट ऑफिस की ब्याज दरें इन बैंक FD दरों से अधिक होती हैं। इसी कारण जोखिम से बचने वाले (risk-averse) निवेशकों के बीच पोस्ट ऑफिस योजनाएँ लोकप्रिय रहती हैं।
कोई भी वयस्क व्यक्ति पोस्ट ऑफिस टाइम डिपॉजिट खाता खोल सकता है। जॉइंट खाता अधिकतम तीन व्यक्तियों के नाम पर खोला जा सकता है। अभिभावक किसी नाबालिग के लिए खाता खोल सकते हैं, और 10 वर्ष से अधिक उम्र का नाबालिग अपने नाम से खाता खोल सकता है। इस योजना में न्यूनतम निवेश ₹1,000 है और अधिकतम निवेश की कोई सीमा नहीं है।
पोस्ट ऑफिस की 5 साल की टाइम डिपॉजिट योजना का एक बड़ा लाभ टैक्स बचत है। इस योजना में किए गए निवेश पर आयकर अधिनियम की धारा 80C के तहत टैक्स छूट मिलती है। हालांकि यह लाभ केवल पुराने टैक्स रिजीम चुनने वाले करदाताओं को ही मिलता है। विशेषज्ञों के अनुसार, बेहतर ब्याज दर, सरकारी सुरक्षा और कर लाभ के कारण पोस्ट ऑफिस टाइम डिपॉजिट सुरक्षित निवेश पसंद करने वालों के लिए एक आकर्षक विकल्प बना हुआ है।
इसके तहत निवेशकों को 5 वर्षीय पोस्ट ऑफिस टाइम डिपॉजिट पर 7.5% वार्षिक ब्याज मिलता रहेगा। ब्याज दरों को स्थिर रखने का यह निर्णय ऐसे समय में लिया गया है जब सुरक्षित निवेश विकल्प तलाशने वाले लोग बेहतर रिटर्न देने वाली योजनाओं की ओर रुझान बढ़ा रहे हैं।
जाने जरूरी नियम और शर्ते
पोस्ट ऑफिस की टाइम डिपॉजिट (TD) योजना चार अलग-अलग अवधि के लिए उपलब्ध है:
1 वर्ष की TD: 6.9% वार्षिक ब्याज
2 वर्ष की TD: 7.0% वार्षिक ब्याज
3 वर्ष की TD: 7.1% वार्षिक ब्याज
5 वर्ष की TD: 7.5% वार्षिक ब्याज
पोस्ट ऑफिस जमा पर ब्याज की गणना तिमाही (हर तीन महीने) की जाती है और इसे खाते में सालाना (हर वर्ष) जमा किया जाता है।
बैंकों की FD की तुलना में अधिक ब्याज अर्जित करना
देश के प्रमुख बैंकों की फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) की तुलना में पोस्ट ऑफिस निवेशकों को अधिक रिटर्न देता है। उदाहरण के लिए, पोस्ट ऑफिस 5 साल की जमा पर 7.5% ब्याज देता है, जबकि स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) 6.05%, HDFC बैंक 6.15% और ICICI बैंक 6.50% ब्याज प्रदान करते हैं। इसी तरह 1 साल, 2 साल और 3 साल की अवधि में भी पोस्ट ऑफिस की ब्याज दरें इन बैंक FD दरों से अधिक होती हैं। इसी कारण जोखिम से बचने वाले (risk-averse) निवेशकों के बीच पोस्ट ऑफिस योजनाएँ लोकप्रिय रहती हैं।
खाता खोलने के लिए क्या शर्तें हैं?
कोई भी वयस्क व्यक्ति पोस्ट ऑफिस टाइम डिपॉजिट खाता खोल सकता है। जॉइंट खाता अधिकतम तीन व्यक्तियों के नाम पर खोला जा सकता है। अभिभावक किसी नाबालिग के लिए खाता खोल सकते हैं, और 10 वर्ष से अधिक उम्र का नाबालिग अपने नाम से खाता खोल सकता है। इस योजना में न्यूनतम निवेश ₹1,000 है और अधिकतम निवेश की कोई सीमा नहीं है।
टैक्स छूट के लाभ भी
पोस्ट ऑफिस की 5 साल की टाइम डिपॉजिट योजना का एक बड़ा लाभ टैक्स बचत है। इस योजना में किए गए निवेश पर आयकर अधिनियम की धारा 80C के तहत टैक्स छूट मिलती है। हालांकि यह लाभ केवल पुराने टैक्स रिजीम चुनने वाले करदाताओं को ही मिलता है। विशेषज्ञों के अनुसार, बेहतर ब्याज दर, सरकारी सुरक्षा और कर लाभ के कारण पोस्ट ऑफिस टाइम डिपॉजिट सुरक्षित निवेश पसंद करने वालों के लिए एक आकर्षक विकल्प बना हुआ है।
Next Story