PM मोदी की 'कार पूलिंग' वाली सलाह के पीछे क्या है असली वजह? तेल मंत्री ने किया खुलासा
केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने ईंधन की कीमतों और देश में तेल के स्टॉक को लेकर एक बड़ा बयान दिया है। 12 मई को दिए गए इस बयान में उन्होंने साफ किया कि सरकार ने एलपीजी (LPG) का उत्पादन पहले के 35,000 टन से बढ़ाकर अब 55,000-56,000 टन कर दिया है। मंत्री ने देशवासियों को भरोसा दिलाया कि भारत में कहीं भी ईंधन की कोई कमी नहीं है। हालांकि, उन्होंने कीमतों में बढ़ोतरी के संकेत भी दिए हैं, जिससे आम आदमी की चिंता थोड़ी बढ़ सकती है।
अक्सर यह चर्चा रहती है कि चुनावों की वजह से सरकार तेल के दाम नहीं बढ़ाती, लेकिन हरदीप सिंह पुरी ने इन अटकलों को सिरे से खारिज कर दिया। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि कीमतों में बदलाव को चुनावों के कारण नहीं टाला गया था। मंत्री ने संकेत दिया कि आने वाले समय में फ्यूल के दाम बढ़ सकते हैं, लेकिन इसका राजनीति से कोई लेना-देना नहीं है। गौरतलब है कि पिछले चार सालों से कीमतों को स्थिर रखा गया है, जिसे मंत्री ने एक बड़ी उपलब्धि बताया।
पीएम मोदी की सलाह और आम जनता की टेंशन हाल ही में 10 मई को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों से पेट्रोल और डीजल का कम से कम उपयोग करने की अपील की थी। पीएम ने कार पूलिंग और पब्लिक ट्रांसपोर्ट के इस्तेमाल पर जोर दिया था ताकि कच्चे तेल के आयात को घटाकर विदेशी मुद्रा भंडार को बचाया जा सके। इस बयान के बाद जनता के बीच यह डर बैठ गया था कि कहीं देश में तेल की किल्लत तो नहीं होने वाली है? हालांकि, तेल मंत्री के ताजा बयान ने इस डर को काफी हद तक कम कर दिया है और लोगों को राहत की सांस लेने का मौका दिया है। भारत के पास है 60 दिनों का ‘बैकअप प्लान’राहत भरी खबरों के बीच एक डराने वाला आंकड़ा भी सामने आया है।