अवैध शराब वाला वो ट्रक जिसने थाना प्रभारी दिलीप पुरी को कुचला, ट्रक में पीछे छिपाया था माल

Newspoint

Dewas Illegal Liquor Smuggling: मध्य प्रदेश के देवास में अवैध शराब तस्करी की सूचना पर चेंकिंग करने पहुंचे थाना प्रभारी दिलीप पुरी को आयशर ट्रक से कुचल दिया गया. इससे उनके शरीर पर कई जगह गंभीर चोटें आई थीं और काफी खून बह गया. गंभीर हालत में दिलीप पुरी को अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने करीब दो घंटे तक CPR और उपचार किया, लेकिन उनकी मौत हो गई.

जिस आयशर ट्रक से थाना प्रभारी को कुचला गया, उसमें अवैध शराब भरी थी. ट्रक को पुलिस ने संदलपुर थाने में खड़ा कर दिया है. ट्रक की तस्वीरें और वीडियो सामने आ गया है. वीडियो में आयशर ट्रक में अवैध शराब की पेटियां छिपाकर ले जाने का तरीका सामने आया है. फिल्मी अंदाज में शराब की पेटियों को छिपाकर अवैध शराब का परिवहन किया जा रहा था.

कार्टन में भरी हुई अवैध शराब

वीडियो में दिख रहा है कि ट्रक में पीछे टाइल रखी हुई है. उसके नीचे शराब की बोतलों के कार्टन रखे हुए हैं, जिसमें अवैध शराब भरी हुई है. दरअसल, रात करीब 1 बजे खातेगांव थाना प्रभारी दिलीप पुरी को सूत्रों से सूचना मिली कि इंदौरबैतूल हाईवे से एक आयशर ट्रक में अवैध शराब ले जाई जा रही है. सूचना मिलते ही दिलीप पुरी बिना देर किए घर से निकले और पुलिस टीम के साथ निकल पड़े.

खास बात यह थी कि थाना प्रभारी उस वक्त वर्दी में नहीं, बल्कि सिविल ड्रेस में थे. टीम के साथ वो इंदौरबैतूल हाईवे पर पहुंचे. पुलिस टीम को ट्रक हाईवे पर डिवाइडर के किनारे खड़ा दिखा. थाना प्रभारी पुरी ने चालक से बाहर आने को कहा, लेकिन चालक ट्रक को डिवाडर पर चढ़ाकर आगे बढ़ाने लगा. इस दौरान वाहन का पिछला पहिया थाना प्रभारी पर चढ़ गया और पुरी गंभीर रूप से घायल हो गए.

दिलीप पुरी नशा मुक्त अभियान में काफी सक्रिय थे

चालक वाहन को डिवाइडर पर चढ़ाकर दूसरी ओर ले गया और संदलपुर में छोड़कर फरार हो गया. पुलिस उसकी तलाश कर रही है. बता दें कि थाना प्रभारी दिलीप पुरी नशा मुक्त अभियान में काफी सक्रिय थे. वो स्कूलों में जाकर बच्चों को समझाते और नशे से दूर रहने के लिए कहते थे. यही नहीं वो बच्चों से कहते थे अगर वो अपने आसपास नशे से संबंधित कोई भी गतिविधियां देखें तो पुलिस को अवश्य सूचित करें.

साथ ही अगर उनके आसपास कोई नशा कर रहा है, तो उसे उसके नकारात्मक परिणाम बताकर जागरुक करें. उन्होंने स्कूलों में नारा दिया था ‘नशे से दूरी है जरूरी’. दिलीप पुरी 2007 बैच के सब इंस्पेक्टर सिलेक्ट हुए थे. वो नौकरी में खंडवा, अलीराजपुर, बालाघाट, सतना, इंदौर , बड़वानी और देवास में रहे. दिलीप कुछ महीने देवास से आए. उनकी की एक बड़ी बेटी है जो इंदौर से MBBS की पढ़ाई कर रही है और छोटा बेटा है.