मीनाक्षी नटराजन को सुप्रीम कोर्ट से झटके बाद सड़क पर उतरी कांग्रेस, चुनाव आयोग के सामने विरोध प्रदर्शन
नई दिल्ली: कांग्रेस नेता मीनाक्षी नटराजन का राज्यसभा चुनाव का नामांकन रद्द होने और इस मामले में सुप्रीम कोर्ट के झटके के बाद कांग्रेस कार्यकर्ता सड़क पर उतर आए हैं। शुक्रवार को याचिका खारिज होने के बाद शाम को कांग्रेस के कई विधायक व कार्यकर्ता कुछ ही देर में चुनाव आयोग के कार्यालय के बाहर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।
जनता की अदालत में ले जाएंगे लड़ाई: मीनाक्षी नटराजन
शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट ने मध्य प्रदेश से कांग्रेस की राज्यसभा उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन की उस याचिका को खारिज कर दिया, जिसमें उनके नामांकन पत्र रद्द किए जाने को चुनौती दी गई थी। याचिका खारिज होने के बाद मीनाक्षी नटराजन ने कहा, 'हम अपनी लड़ाई जारी रखेंगे। लोकतंत्र में एक और अदालत होती है, जनता की अदालत। हम अपनी लड़ाई उनके पास ले जाएंगे। मैं सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर कोई टिप्पणी नहीं करूंगी, क्योंकि ऐसा करना उचित नहीं होगा।'

मीनाक्षी नटराजन ने कहा, 'चुनाव आयोग ने अभी तक कोई फ़ैसला नहीं लिया है। हमने चुनाव आयोग से संपर्क किया था, लेकिन 48 घंटे बीत जाने के बाद भी वह चुप है। उसकी यह चुप्पी अपने आप में ही कुछ कह रही है।"
चुनाव आयोग प्रभावित: मीनाक्षी नटराजन
कांग्रेस नेता ने कहा, "मैं पहले दिन से कह रही हूं कि चुनाव आयोग पूरी तरह से प्रभावित है, और आज यह बात एक बार फिर साबित हो गई है। जब मध्य प्रदेश राज्य के वकील खड़े होते हैं, तो यह मामला मध्य प्रदेश राज्य से जुड़ा नहीं रह जाता। हम राज्यों के खिलाफ नहीं लड़ रहे थे। हम चुनाव आयोग के बारे में बात कर रहे थे। हम यह बता रहे थे कि कैसे रिटर्निंग ऑफिसर प्रभावित थे और वे जनता के सामने बेनकाब हो गए हैं।"
क्या है मामला?
जनता की अदालत में ले जाएंगे लड़ाई: मीनाक्षी नटराजन
शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट ने मध्य प्रदेश से कांग्रेस की राज्यसभा उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन की उस याचिका को खारिज कर दिया, जिसमें उनके नामांकन पत्र रद्द किए जाने को चुनौती दी गई थी। याचिका खारिज होने के बाद मीनाक्षी नटराजन ने कहा, 'हम अपनी लड़ाई जारी रखेंगे। लोकतंत्र में एक और अदालत होती है, जनता की अदालत। हम अपनी लड़ाई उनके पास ले जाएंगे। मैं सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर कोई टिप्पणी नहीं करूंगी, क्योंकि ऐसा करना उचित नहीं होगा।'
मीनाक्षी नटराजन ने कहा, 'चुनाव आयोग ने अभी तक कोई फ़ैसला नहीं लिया है। हमने चुनाव आयोग से संपर्क किया था, लेकिन 48 घंटे बीत जाने के बाद भी वह चुप है। उसकी यह चुप्पी अपने आप में ही कुछ कह रही है।"
चुनाव आयोग प्रभावित: मीनाक्षी नटराजन
कांग्रेस नेता ने कहा, "मैं पहले दिन से कह रही हूं कि चुनाव आयोग पूरी तरह से प्रभावित है, और आज यह बात एक बार फिर साबित हो गई है। जब मध्य प्रदेश राज्य के वकील खड़े होते हैं, तो यह मामला मध्य प्रदेश राज्य से जुड़ा नहीं रह जाता। हम राज्यों के खिलाफ नहीं लड़ रहे थे। हम चुनाव आयोग के बारे में बात कर रहे थे। हम यह बता रहे थे कि कैसे रिटर्निंग ऑफिसर प्रभावित थे और वे जनता के सामने बेनकाब हो गए हैं।"
क्या है मामला?
- मीनाक्षी नटराजन का नामांकन इस आधार पर खारिज कर दिया गया कि उन्होंने एक लंबित आपराधिक मामले की जानकारी नहीं दी थी।
- इस फैसले को चुनौती देते हुए कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहत पाने के लिए सुप्रीम कोर्ट पहुंचे।
- कोर्ट ने पार्टी की याचिका खारिज कर दी और कहा कि इससे हाई कोर्ट स्तर पर होने वाली किसी भी संभावित चुनावी याचिका पर असर नहीं पड़ेगा।
- वरिष्ठ वकील अभिषेक मनु सिंघवी के नेतृत्व में कांग्रेस नेताओं ने इस फैसले का विरोध करते हुए तर्क दिया कि नटराजन के खिलाफ औपचारिक रूप से आरोप तय नहीं किए गए थे।
- इस फैसले के जवाब में कांग्रेस सदस्यों ने चुनाव आयोग द्वारा मामले को संभालने के तरीके के विरोध में नई दिल्ली में सत्याग्रह किया।
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