ऋषिकेश क्यों है भारत की एडवेंचर कैपिटल? जानें राफ्टिंग से लेकर बंजी जंपिंग के बारे में
हर जगह सिर्फ शांत बैठने या फुर्सत से घूमने के लिए नहीं होती। कुछ जगहें ऐसी होती हैं जो सिर्फ थ्रिल, रोमांच और नए-नए अनुभवों के लिए जानी जाती हैं। जहाँ दिन की शुरुआत नदियों के तेज बहाव में राफ्टिंग से होती है और शाम ट्रैकिंग व कैंपिंग के किस्सों के साथ ढलती है। अगर आपको भी लाइफ में एडवेंचर पसंद है, तो भारत में एक ऐसी जगह है जिसने एडवेंचर लवर्स के दिल में खास पहचान बनाई है।
ऋषिकेश को क्यों कहा जाता है भारत की एडवेंचर कैपिटल?
जब भी आप किसी ऐसे इंसान से मिलेंगे जो ऋषिकेश होकर आया है, तो वह बातचीत की शुरुआत में ही रिवर राफ्टिंग का जिक्र जरूर करेगा।
गंगा नदी एडवेंचर के शौकीनों के लिए ऋषिकेश का सबसे बड़ा आकर्षण है। हर साल हजारों लोग यहाँ नदी के तेज बहाव का सामना करने आते हैं। यहाँ नए लोगों के लिए आसान राफ्टिंग रूट से लेकर अनुभवी लोगों के लिए बेहद कठिन रूट्स भी मौजूद हैं। लेकिन ऋषिकेश की कहानी सिर्फ राफ्टिंग तक ही सीमित नहीं है।
ऋषिकेश और उसके आसपास के इलाकों में आपको बंजी जंपिंग, जायंट स्विंग, जिपलाइन, कयाकिंग, ट्रैकिंग ट्रेल और नदी किनारे कैंपिंग की सुविधाएं मिल जाएंगी। यह भारत की उन चुनिंदा जगहों में से एक है जहाँ आप एक ही वीकेंड में ढेर सारे एडवेंचर स्पोर्ट्स का मजा ले सकते हैं।
मौसम और नदी के पानी के स्तर का भी ध्यान रखना बहुत जरूरी होता है। खासकर मानसून के दौरान कई एक्टिविटीज बंद रहती हैं। इसलिए अगर आप ऑफ-सीजन में जाने का प्लान बना रहे हैं, तो ऑथराइज्ड ऑपरेटर्स से पहले ही जानकारी ले लें।
ऋषिकेश की रिवर राफ्टिंग है सबसे खास
पिछले कुछ सालों में यहाँ एडवेंचर के कई नए ऑप्शन जुड़े हैं, लेकिन आज भी ज्यादातर पर्यटक रिवर राफ्टिंग के लिए ही यहाँ आते हैं।
राफ्टिंग के रास्ते आपको पानी की तेज लहरों से होते हुए शांत हिस्सों तक ले जाते हैं, जहाँ दोनों तरफ हरे-भरे पहाड़ दिखाई देते हैं। जो लोग आमतौर पर एडवेंचर स्पोर्ट्स से कतराते हैं, वे भी यहाँ आकर राफ्टिंग करने से खुद को रोक नहीं पाते।
राफ्टिंग के लिए सही समय का ध्यान रखना बहुत जरूरी है। सुरक्षा कारणों से मानसून के महीनों में राफ्टिंग पर रोक लगा दी जाती है। अगर आप मानसून के आसपास जा रहे हैं, तो बुकिंग करने से पहले स्थानीय अपडेट जरूर चेक कर लें।
राफ्टिंग के अलावा यहाँ और भी बहुत कुछ है। ऋषिकेश के पास मोहन चट्टी में बंजी जंपिंग, जायंट स्विंग और फ्लाइंग फॉक्स का अनुभव लिया जा सकता है। यहाँ का 83 मीटर ऊंचा जंप प्लेटफॉर्म देश में बंजी जंपिंग के लिए सबसे ज्यादा जाना जाता है।
अगर आप बहुत ज्यादा एडवेंचर नहीं चाहते, तो आसपास की पहाड़ियां आपके लिए ट्रैकिंग, नेचर वॉक और कैंपिंग के बेहतरीन मौके देती हैं।
सिर्फ एडवेंचर ही नहीं, योग और शांति के लिए भी मशहूर है ऋषिकेश
ऋषिकेश सिर्फ एडवेंचर लवर्स को ही आकर्षित नहीं करता, बल्कि पूरी दुनिया में अपने योग, मेडिटेशन और आध्यात्मिकता के लिए भी प्रसिद्ध है। दिनभर राफ्टिंग में लहरों से जूझने या बंजी जंपिंग करने के बाद, शाम को आप गंगा किनारे बैठकर अद्भुत शांति महसूस कर सकते हैं।
त्रिवेणी घाट, राम झूला और परमार्थ निकेतन जैसी जगहें उन लोगों को खूब भाती हैं जो थोड़ा सुकून और शांति चाहते हैं।
यही बात ऋषिकेश को सबसे खास और यादगार बनाती है। यह सिर्फ एक एडवेंचर डेस्टिनेशन या सिर्फ एक आध्यात्मिक शहर नहीं है, बल्कि यह दोनों का एक बेहतरीन कॉम्बिनेशन है।
ऋषिकेश घूमने का सबसे सही समय: अक्टूबर से जून
एडवेंचर स्पोर्ट्स का पूरा मजा लेने के लिए सही समय पर जाना जरूरी है। ऋषिकेश में राफ्टिंग आमतौर पर अक्टूबर से जून तक चालू रहती है, जबकि मानसून के समय इसे सुरक्षा की वजह से बंद कर दिया जाता है।
अगर आपके ट्रिप का मुख्य मकसद एडवेंचर ही है, तो निकलने से पहले मौसम और एक्टिविटीज का शेड्यूल एक बार जरूर चेक कर लें।
तो अगर आप कभी सोच रहे थे कि भारत की एडवेंचर कैपिटल कौन सी है, तो वह ऋषिकेश ही है। गंगा मैया का किनारा, हिमालय के खूबसूरत पहाड़ और ढेरों एडवेंचर एक्टिविटीज मिलकर इसे हर रोमांच-पसंद ट्रैवलर की पहली पसंद बनाते हैं।
ऋषिकेश को क्यों कहा जाता है भारत की एडवेंचर कैपिटल?
जब भी आप किसी ऐसे इंसान से मिलेंगे जो ऋषिकेश होकर आया है, तो वह बातचीत की शुरुआत में ही रिवर राफ्टिंग का जिक्र जरूर करेगा।
गंगा नदी एडवेंचर के शौकीनों के लिए ऋषिकेश का सबसे बड़ा आकर्षण है। हर साल हजारों लोग यहाँ नदी के तेज बहाव का सामना करने आते हैं। यहाँ नए लोगों के लिए आसान राफ्टिंग रूट से लेकर अनुभवी लोगों के लिए बेहद कठिन रूट्स भी मौजूद हैं। लेकिन ऋषिकेश की कहानी सिर्फ राफ्टिंग तक ही सीमित नहीं है।
ऋषिकेश और उसके आसपास के इलाकों में आपको बंजी जंपिंग, जायंट स्विंग, जिपलाइन, कयाकिंग, ट्रैकिंग ट्रेल और नदी किनारे कैंपिंग की सुविधाएं मिल जाएंगी। यह भारत की उन चुनिंदा जगहों में से एक है जहाँ आप एक ही वीकेंड में ढेर सारे एडवेंचर स्पोर्ट्स का मजा ले सकते हैं।
मौसम और नदी के पानी के स्तर का भी ध्यान रखना बहुत जरूरी होता है। खासकर मानसून के दौरान कई एक्टिविटीज बंद रहती हैं। इसलिए अगर आप ऑफ-सीजन में जाने का प्लान बना रहे हैं, तो ऑथराइज्ड ऑपरेटर्स से पहले ही जानकारी ले लें।
ऋषिकेश की रिवर राफ्टिंग है सबसे खास
पिछले कुछ सालों में यहाँ एडवेंचर के कई नए ऑप्शन जुड़े हैं, लेकिन आज भी ज्यादातर पर्यटक रिवर राफ्टिंग के लिए ही यहाँ आते हैं।
राफ्टिंग के रास्ते आपको पानी की तेज लहरों से होते हुए शांत हिस्सों तक ले जाते हैं, जहाँ दोनों तरफ हरे-भरे पहाड़ दिखाई देते हैं। जो लोग आमतौर पर एडवेंचर स्पोर्ट्स से कतराते हैं, वे भी यहाँ आकर राफ्टिंग करने से खुद को रोक नहीं पाते।
राफ्टिंग के लिए सही समय का ध्यान रखना बहुत जरूरी है। सुरक्षा कारणों से मानसून के महीनों में राफ्टिंग पर रोक लगा दी जाती है। अगर आप मानसून के आसपास जा रहे हैं, तो बुकिंग करने से पहले स्थानीय अपडेट जरूर चेक कर लें।
राफ्टिंग के अलावा यहाँ और भी बहुत कुछ है। ऋषिकेश के पास मोहन चट्टी में बंजी जंपिंग, जायंट स्विंग और फ्लाइंग फॉक्स का अनुभव लिया जा सकता है। यहाँ का 83 मीटर ऊंचा जंप प्लेटफॉर्म देश में बंजी जंपिंग के लिए सबसे ज्यादा जाना जाता है।
अगर आप बहुत ज्यादा एडवेंचर नहीं चाहते, तो आसपास की पहाड़ियां आपके लिए ट्रैकिंग, नेचर वॉक और कैंपिंग के बेहतरीन मौके देती हैं।
सिर्फ एडवेंचर ही नहीं, योग और शांति के लिए भी मशहूर है ऋषिकेश
ऋषिकेश सिर्फ एडवेंचर लवर्स को ही आकर्षित नहीं करता, बल्कि पूरी दुनिया में अपने योग, मेडिटेशन और आध्यात्मिकता के लिए भी प्रसिद्ध है। दिनभर राफ्टिंग में लहरों से जूझने या बंजी जंपिंग करने के बाद, शाम को आप गंगा किनारे बैठकर अद्भुत शांति महसूस कर सकते हैं।
त्रिवेणी घाट, राम झूला और परमार्थ निकेतन जैसी जगहें उन लोगों को खूब भाती हैं जो थोड़ा सुकून और शांति चाहते हैं।
यही बात ऋषिकेश को सबसे खास और यादगार बनाती है। यह सिर्फ एक एडवेंचर डेस्टिनेशन या सिर्फ एक आध्यात्मिक शहर नहीं है, बल्कि यह दोनों का एक बेहतरीन कॉम्बिनेशन है।
ऋषिकेश घूमने का सबसे सही समय: अक्टूबर से जून
एडवेंचर स्पोर्ट्स का पूरा मजा लेने के लिए सही समय पर जाना जरूरी है। ऋषिकेश में राफ्टिंग आमतौर पर अक्टूबर से जून तक चालू रहती है, जबकि मानसून के समय इसे सुरक्षा की वजह से बंद कर दिया जाता है।
अगर आपके ट्रिप का मुख्य मकसद एडवेंचर ही है, तो निकलने से पहले मौसम और एक्टिविटीज का शेड्यूल एक बार जरूर चेक कर लें।
तो अगर आप कभी सोच रहे थे कि भारत की एडवेंचर कैपिटल कौन सी है, तो वह ऋषिकेश ही है। गंगा मैया का किनारा, हिमालय के खूबसूरत पहाड़ और ढेरों एडवेंचर एक्टिविटीज मिलकर इसे हर रोमांच-पसंद ट्रैवलर की पहली पसंद बनाते हैं।
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