दांतों को अच्छा और मजबूत रखने के लिए उनकी सही तरह से साफ-सफाई करना बहुत जरूरी है। Dental care और oral health को लेकर ज्यादातर लोग सोचते हैं कि दिन में दो बार ब्रश कर लेना ही काफी होता है। लेकिन ऐसा नहीं है। इसके अलावा भी daily habits यानी रोज की कुछ आदतें आपके दांतों को चुपचाप बहुत कमजोर कर रही होती हैं। इस लेख में इन्हीं बातों को अच्छे से बताया गया है।
दांतों की आम परेशानियां
दांतों में होने वाली सबसे आम दिक्कतों में से एक है ठंडा, गरम या खट्टा-मीठा खाते समय झनझनाहट होना। Tooth sensitivity , दांत के किनारों का पतला होना, दांतों का झड़ना या इनेमल का घिस जाना जैसी परेशानियों वाले मरीज रोज डेंटल क्लीनिक में देखने को मिलते हैं। इनमें से ज्यादातर मरीजों का कहना होता है कि वे अपने मुंह और दांतों की साफ-सफाई का पूरा ध्यान रखते हैं। दिन में दो बार ब्रश करते हैं और जीभ भी साफ करते हैं।
रोज की आदतों का असर
लेकिन सच ये है कि सिर्फ इतना करना काफी नहीं होता है। असल में हमें पता भी नहीं चलता है कि कब हमारी रोज की छोटी-छोटी आदतें हमारे दांतों और मसूड़ों को खराब कर रही होती हैं। लोग कई बार दांतों से जुड़ी इन परेशानियों को उम्र से जुड़ी दिक्कत मान लेते हैं। कई बार लोग परेशान हो जाते हैं कि ये दिक्कतें आखिर क्यों हो रही हैं।
खुद की गलतियां
सच तो ये है कि ज्यादा समय हमें दांतों से जुड़ी दिक्कतें खुद की कुछ गलतियों या आदतों के कारण होती हैं। इन गलतियों से हमारे दांतों की ऊपरी रक्षा परत कमजोर हो जाती है। दांतों की साफ-सफाई से लेकर खाने-पीने की आदतें सीधे तौर पर मुंह की सेहत पर असर डालती हैं। तो चलिए उन पांच आम आदतों के बारे में जान लेते हैं जिनसे दांतों को बहुत ज्यादा नुकसान पहुंचता है।
ब्रश करने का तरीका
अगर आपको दांतों को बहुत जोर-जोर से घिसकर साफ करने की आदत है तो इसे तुरंत छोड़ दें। कई लोगों को ऐसा लगता है कि अगर वे जोर से ब्रश करेंगे तो दांत बिल्कुल साफ और चमकदार बन जाएंगे। लेकिन इससे आपके दांतों को बहुत ज्यादा नुकसान पहुंचता है। जब कोई ज्यादा जोर लगाकर दांतों को साफ करता है तो दांतों की सबसे ऊपरी परत जिसे इनेमल कहते हैं वो घिसने लगती है।
जोर से ब्रश करने के नुकसान
इस ऊपरी परत के घिसने से आपके दांतों में बहुत ज्यादा झनझनाहट हो सकती है। इसके अलावा आपके मसूड़ों पर सूजन आ सकती है और वहां लाल निशान भी हो सकते हैं। इसलिए ब्रश करते समय हाथों को बहुत हल्का रखना चाहिए।
खाने-पीने का असर
आज के समय में लोग जंक फूड, पैकेट वाले स्नैक्स और कोल्ड ड्रिंक्स बहुत ज्यादा लेने लगे हैं। इन चीजों से भी आपके दांतों को भारी नुकसान पहुंचता है और पूरे शरीर की सेहत पर भी बुरा असर पड़ता है। असल में इन चीजों में बहुत ज्यादा मीठा और एसिड होता है। इनमें अलग-अलग तरह के सॉस, सिरका और अजीनोमोटो जैसी कई चीजें पड़ी होती हैं।
कैविटी और पीलापन
इसके अलावा अगर आपको बहुत ठंडा पानी पीने की आदत है या फिर आप हमेशा गरमा-गरम चाय और कॉफी ही पीते हैं, तो इससे भी दांतों को बहुत नुकसान पहुंचता है। इन सब खाने-पीने की गलत आदतों से न सिर्फ आपके दांतों में सड़न हो सकती है बल्कि झनझनाहट भी बढ़ जाती है। दांतों में पीलापन भी आ सकता है।
पानी कम पीना
पानी को सही मात्रा में पीना सिर्फ आपके शरीर के लिए ही नहीं बल्कि मुंह की सेहत को ठीक रखने के लिए भी बहुत जरूरी है। जब कोई कम पानी पीता है तो मुंह में लार सही तरह से नहीं बन पाती है। लार कम होने के कारण मुंह के अंदर मौजूद कीटाणु भी साफ नहीं हो पाते हैं।
कम पानी पीने के नुकसान
मुंह में कीटाणु रहने से मुंह से बदबू आने लगती है। इसके साथ ही मसूड़ों और दांतों में सड़न होने जैसी दिक्कतें भी शुरू हो जाती हैं। इसलिए पूरे दिन में खूब सारा पानी पीना चाहिए।
टूथपेस्ट का चुनाव
ज्यादातर घरों में एक ही टूथपेस्ट आता है जिसे घर का हर कोई इस्तेमाल करता है। लेकिन आपके दांतों की जरूरत दूसरों से अलग हो सकती है। कई बार लोग दांतों से जुड़ी छोटी-छोटी दिक्कतों को नजरअंदाज करते रहते हैं और इसी कारण से समस्या बहुत बढ़ जाती है।
डेंटिस्ट की सलाह
अगर किसी को हल्की-फुल्की झनझनाहट भी महसूस हो तो उसे तुरंत डेंटिस्ट से मिलना चाहिए। डॉक्टर की सलाह के अनुसार ही टूथपेस्ट और बाकी के टूथ केयर प्रोडक्ट का इस्तेमाल करना चाहिए।
इंटरनेट के नुस्खे
सोशल मीडिया पर आज के समय में सेहतमंद रहने से लेकर बालों को अच्छा रखने और त्वचा को निखारने तक हर एक चीज के घरेलू नुस्खे मिल जाते हैं। लोग बिना सोचे-समझे इन नुस्खों को अपना भी लेते हैं। इसी तरह से दांतों को चमकाने वाली चीजें भी लोग एक दूसरे को भेजते रहते हैं।
गलत चीजों का इस्तेमाल
लेकिन कुछ चीजों को मिलाकर लगाना आपके दांतों के लिए बहुत ज्यादा नुकसानदायक हो सकता है। बिना डॉक्टर से पूछे इस तरह की बातों पर भरोसा नहीं करना चाहिए और इन्हें नहीं अपनाना चाहिए। दांतों की देखभाल में सही जानकारी होना बहुत जरूरी है।