पानी की कमी से किडनी स्टोन का खतरा: जानें कितनी मात्रा में पानी पीना चाहिए
मानव शरीर को पानी की भरपूर आवश्यकता होती है। चाहे गर्मी हो या सर्दी, सभी को पर्याप्त मात्रा में पानी पीना चाहिए, क्योंकि यह स्वास्थ्य के लिए एक महत्वपूर्ण तत्व है।
पानी पीने से शरीर की गंदगी बाहर निकलने में मदद मिलती है, यानी यह शरीर को डिटॉक्सिफाई करता है। पानी की कमी से न केवल शरीर में डिहाइड्रेशन होता है, बल्कि किडनी स्टोन जैसी समस्याएं भी उत्पन्न हो सकती हैं।
हाल के दिनों में किडनी स्टोन की समस्या तेजी से बढ़ रही है। गर्मियों में जब तापमान बढ़ता है, तो शरीर में पानी की कमी हो जाती है, जिससे किडनी में पथरी बनने का खतरा बढ़ जाता है। इस लेख में हम जानेंगे कि किडनी में पथरी क्यों होती है और पथरी के मरीजों को एक दिन में कितनी मात्रा में पानी पीना चाहिए।
किडनी में पथरी कब होती है?
किडनी मानव शरीर का एक महत्वपूर्ण अंग है, जो रक्त को फ़िल्टर करने में मदद करता है। यह सोडियम, कैल्शियम और अन्य पोषक तत्वों को छानकर शरीर से गंदगी को बाहर निकालता है। जब शरीर में मिनरल्स या आयरन की मात्रा बढ़ जाती है, तो किडनी इन्हें फ़िल्टर करने में असमर्थ हो जाती है, जिससे ये पथरी का रूप ले लेते हैं।
गर्मी में किडनी स्टोन का खतरा
गर्मी के मौसम में पसीने के कारण शरीर में पानी की कमी हो जाती है, जिससे डिहाइड्रेशन की स्थिति उत्पन्न होती है। इस स्थिति में किडनी में पथरी बनने का खतरा बढ़ जाता है। गर्मियों में कम पानी पीने से शरीर में मौजूद नमक और खनिज पदार्थ क्रिस्टल में बदल जाते हैं, जो पथरी का कारण बनते हैं।
एक दिन में पानी की सही मात्रा
विशेषज्ञों के अनुसार, जिन लोगों को किडनी में पथरी है या जिनके परिवार में किसी को यह समस्या रही है, उन्हें एक दिन में कम से कम 2 से 3 लीटर पानी पीना चाहिए। यदि कोई व्यक्ति खेत में काम करता है या शारीरिक मेहनत करता है, तो उसे अधिक पानी पीना चाहिए। इसके साथ ही, नमक का सेवन कम करना चाहिए। अधिक पानी पीने से किडनी आयरन को छानकर उसे बाहर निकाल देती है।