19 मार्च से नवरात्रि शुरू हो रही है। इन 9 दिनों में बहुत सारे लोग व्रत रखते हैं और माता की पूजा करते हैं। व्रत को सही तरीके से करना सेहत के लिए अच्छा होता है। लेकिन कई बार लोग व्रत में कुछ ऐसी आम गलतियां कर देते हैं जो उनकी सेहत पर बुरा असर डालती हैं। ये गलतियां ज्यादातर खाने पीने से जुड़ी होती हैं। सही जानकारी न होने की वजह से लोग अपना रूटीन बिगाड़ लेते हैं।
व्रत और सेहत का कनेक्शन
नवरात्रि का पावन त्योहार साल में दो बार बहुत ही श्रद्धा के साथ मनाया जाता है। इन नौ दिनों में लोग मां दुर्गा की पूजा के साथ व्रत रखते हैं। इस दौरान लोग अपने शरीर और मन को साफ करने की कोशिश करते हैं। उपवास को सिर्फ भगवान की आस्था से ही नहीं जोड़ा जाता है। इसका नाता हमारी सेहत से भी होता है। ऐसा माना जाता है कि अगर व्रत सही तरीके से किया जाए तो शरीर अंदर से साफ होता है। डाइजेस्टिव सिस्टम को आराम मिलता है और दिमाग को शांति मिलती है। लेकिन अक्सर लोग खाने पीने की कुछ ऐसी गलतियां कर बैठते हैं जो सेहत को फायदा पहुंचाने के बजाय उल्टा नुकसान पहुंचाती हैं।
अनबैलेंस्ड खाने के नुकसान
अगर व्रत के दौरान खाने पीने में बैलेंस न रखा जाए तो कई परेशानियां हो सकती हैं। लोग कमजोरी, गैस, एसिडिटी और थकान का शिकार हो जाते हैं। इन सब से बचने के लिए सही जानकारी होना बहुत जरूरी है। आगे उन आम गलतियों के बारे में बताया गया है जो लोग अक्सर व्रत के दौरान करते हैं। साथ ही ये भी जानेंगे कि इन गलतियों से कैसे बचा जा सकता है ताकि 9 दिन का व्रत बिना किसी परेशानी के पूरा हो सके।
लंबे समय तक पेट खाली रखना
व्रत में गिनी चुनी चीजें ही खाई जाती हैं। कुछ लोग ऐसे होते हैं जो उपवास में पूरा दिन बिना कुछ खाए ही निकाल देते हैं। ये एक बहुत बड़ी गलती है। पूरे दिन भूखे रहने से कमजोरी आती है। कई बार लोगों को चक्कर आने लगते हैं और एसिडिटी की समस्या भी हो जाती है। इस परेशानी से बचने का एक आसान तरीका है। लोगों को हर 2 या 3 घंटे में कुछ हल्का खाते रहना चाहिए। मखाना, हल्का स्नैक या फिर फल खाना अच्छा रहता है। ऐसा करने से शरीर को ताकत मिलती रहती है और काम करने की एनर्जी बनी रहती है।
बहुत ज्यादा तली हुई चीजें खाना
व्रत के दिनों में शरीर को बहुत भारी खाना पचाने की आदत नहीं होती है। लेकिन फिर भी कुछ लोग इन दिनों कुट्टू के आटे या सिंघाड़े के आटे की पूड़ी खाते हैं। इसके अलावा पकोड़े और चिप्स जैसी चीजें भी खूब खाई जाती हैं। ये तली हुई चीजें सीधा पाचन पर असर डालती हैं। इनसे डाइजेशन बिगड़ जाता है। तली हुई चीजों की जगह उबली हुई, रोस्ट की हुई या फिर भाप में पकी हुई हल्की चीजें खानी चाहिए। लोग चाहें तो आलू और दही खाकर भी अपना पेट भर सकते हैं। ये पचने में बहुत आसान होते हैं।
पानी पीने में कंजूसी करना
व्रत के दौरान कुछ लोग पानी पीना तक भूल जाते हैं। ये भी एक बड़ी गलती है। शरीर में पानी की कमी होने से डिहाइड्रेशन हो जाता है। सिरदर्द और थकान की समस्या भी हो सकती है। खास तौर पर तब जब कोई पूरे दिन का व्रत कर रहा हो। इसलिए उपवास में पानी की मात्रा बिल्कुल भी कम नहीं होने देनी चाहिए। सादे पानी के अलावा नींबू पानी और नारियल पानी पीना भी बहुत अच्छा होता है। इससे शरीर में पानी की कमी नहीं होती और ताजगी बनी रहती है।
मीठा और ज्यादा कैलोरी वाला खाना
व्रत में लोग मिठाई और शक्कर वाली चाय बहुत ज्यादा पीते हैं। कुछ लोग ज्यादा शक्कर वाले फल भी खूब खाते हैं। ऐसा करने से वजन बहुत जल्दी बढ़ सकता है। उपवास के दौरान इन सब चीजों से दूरी बनानी चाहिए। शक्कर की जगह प्राकृतिक मिठास वाले फल खाने चाहिए। शक्कर का इस्तेमाल बहुत ही कम मात्रा में करना चाहिए। ऐसा करने से शरीर में बेकार की कैलोरी नहीं जाती है।
एक ही बार में बहुत सारा खा लेना
व्रत खोलते समय कई लोग एक ही बार में बहुत सारा खाना खा लेते हैं। दिन भर पेट खाली रहने के बाद अचानक से बहुत सारा खाना खाने से डाइजेशन पूरी तरह बिगड़ सकता है। इसलिए ओवरईटिंग से बचना बहुत जरूरी है। व्रत खोलते समय बहुत ही हल्का और बैलेंस्ड खाना लेना चाहिए। खाने को बहुत धीरे धीरे चबाकर खाना चाहिए। इससे खाना आसानी से पच जाता है और शरीर को कोई नुकसान नहीं होता है। इन छोटी छोटी बातों का ध्यान रखकर व्रत को सेहतमंद बनाया जा सकता है।