छोटे और कम जगह वाले घरों में इंटीरियर डिजाइनिंग बहुत मायने रखती है। कई बार लोगों को लगता है कि घर छोटा है, लेकिन सच तो यह है कि कुछ गलतियों की वजह से घर और ज्यादा भरा-भरा, तंग और छोटा दिखने लगता है। कोई भी घर अपनी साइज से नहीं, बल्कि इस बात से बड़ा और खुला लगता है कि उसकी जगह को कैसे इस्तेमाल किया गया है।
आजकल के फ्लैट्स और घरों में जगह की कमी एक बड़ी समस्या है। ऐसे में थोड़ी समझदारी दिखाना बहुत जरूरी है। ऐसे में आपको उन 7 गलतियों पर ध्यान देना बहुत जरूरी है, जो आपके अच्छे-खासे घर को भी पल भर में छोटा और बिखरा हुआ दिखा सकती हैं।
ज्यादातर लोग सोचते हैं कि सजावटी पैनल्स या इंटीरियर की चीजों को बिल्कुल दीवारों के किनारों से सटाकर रखने से कमरा बड़ा दिखेगा। जबकि, ऐसा करने से कमरा बहुत ही सपाट और कटा-कटा सा दिखने लगता है। इसके बजाय, पैनल्स को थोड़ा सा अंदर की तरफ रखें या पीवीसी एक्सटीरियर वॉल पैनल्स का सही इस्तेमाल करें, जिससे कमरे में एक बढ़िया लुक और गहराई नजर आए।
अगर आपका कमरा छोटा है, तो बहुत ज्यादा उभरे हुए हैवी टेक्सचर, भारी-भरकम डार्क वुड ग्रेस और बड़े-बड़े पैटर्न वाले डिजाइन बिल्कुल न चुनें। ये आंखों को बहुत भारी लगते हैं और पूरे कमरे को दबा देते हैं। छोटे कमरों को खुला-खुला और चमकदार दिखाने के लिए हमेशा हल्के रंगों और सिंपल शेप वाले सॉफ्ट पैनल्स का ही इस्तेमाल करें।
कमरे को मॉडर्न दिखाने के चक्कर में कई बार लोग एक ही कमरे में बहुत सारे चमकीले या कंट्रास्ट रंगों का इस्तेमाल कर बैठते हैं। इससे कमरा बहुत अजीब और अस्त-व्यस्त दिखने लगता है, जिससे आंखों को भी सुकून नहीं मिलता। घर को शांत और बड़ा दिखाने का सबसे आसान जुगाड़ है कि आप हल्के और मिक्स होने वाले रंग जैसे पेस्टल या न्यूट्रल शेड्स चुनें। इससे पूरा कमरा एक जैसा और बड़ा लगता है।
सजावट करना अच्छी बात है, लेकिन घर के हर खाली कोने को भर देना समझदारी नहीं है। हर शेल्फ, टेबल या वॉल पैनल पर शोपीस और डेकोरेशन का सामान ठूंस-ठूंस कर भरने से घर में कबाड़ जैसा बिखराव दिखने लगता है। घर की स्टाइलिंग को जितना हो सके सिंपल रखें। जब दीवारें और टेबल थोड़ी खाली रहेंगी, तो कमरे में हवा और रोशनी अच्छी आएगी और वह बड़ा महसूस होगा।
घर छोटा दिखने की एक बड़ी वजह यह होती है कि सामान अपनी सही जगह पर नहीं होता। जब सामान रखने का सही इंतजाम नहीं होता, तो चीजें टेबल, सोफे या फर्श पर बिखरने लगती हैं। इस दिक्कत से बचने के लिए दीवारों के पैनल्स के पीछे छिपने वाले अलमारी या कैबिनेट्स बनवाएं। इससे सारा सामान अंदर छिप जाएगा और बाहर से आपका घर एकदम साफ और बड़ा दिखाई देगा।
कलर्स और लाइटट का गेम किसी भी छोटे कमरे का लुक बदल सकता है। अक्सर लोग हल्के रंगों या शीशों को गलत जगह पर लगा देते हैं। एक्सपर्ट के अनुसार, लाइट शेड्स या शीशों को हमेशा खिड़कियों के ठीक सामने या उन दीवारों पर लगाना चाहिए जहां बाहर की रोशनी सबसे ज्यादा आती हो। इससे रोशनी टकराकर पूरे कमरे में फैलेगी और कमरा अपनी असली साइज से दोगुना बड़ा दिखेगा।

सोशल मीडिया या इंटरनेट पर दिखने वाला हर नया डिजाइन आपके घर के लिए सही हो, यह जरूरी नहीं है। कई बार जो भारी फर्नीचर या डार्क थीम ऑनलाइन बहुत खूबसूरत लगती है, वह छोटे घरों को पूरी तरह पैक कर देती है। एक अच्छा घर वह है जहां रहना आसान और आरामदायक हो, न कि ऐसा जिसे सिर्फ फैशन के चक्कर में जबरदस्ती सजाया गया हो। हमेशा अपने घर के स्पेस को देखकर ही कोई फैसला लें। याद रखें कि सबसे सुंदर घर वह नहीं होता जो साइज में सबसे बड़ा हो, बल्कि वह होता है जिसे सलीके से सेट किया गया हो। तो कलर्स, लाइटिंग और दीवारों का सही कॉम्बिनेशन आपके छोटे से घर को भी एकदम आलीशान और खुला-खुला बना सकता है। डिस्क्लेमर: इस लेख में किए गए दावे इंटरनेट पर मिली जानकारी पर आधारित हैं। एनबीटी इसकी सत्यता और सटीकता जिम्मेदारी नहीं लेता है।