फोन को कैसे पता चलता है कि आप उसे उल्टा पकड़ रहे हैं?

फोन को बिस्तर पर रखते हुए उसे घुमा दीजिए या वीडियो देखने के लिए क्षैतिज पकड़ लीजिए। कुछ ही क्षण में स्क्रीन खुद घूम जाती है। ऐसा लगता है जैसे फोन को सचमुच पता चल गया हो कि उसे किस दिशा में रखा गया है। लेकिन स्मार्टफोन के अंदर कोई छोटा डिजिटल कम्पास आपको देख नहीं रहा होता। इसके बजाय कई सेंसर मिलकर फोन की स्थिति और गति का अनुमान लगाते हैं। एक्सेलेरोमीटर गुरुत्वाकर्षण और त्वरण को मापता है, जबकि जायरोस्कोप फोन के घूमने की दर को पहचानता है। सॉफ्टवेयर इन संकेतों को मिलाकर तय करता है कि स्क्रीन किस दिशा में दिखाई जानी चाहिए।
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गुरुत्वाकर्षण बना देता है दिशा का संकेत

फोन का एक्सेलेरोमीटर तीन दिशाओं में त्वरण मापता है। जब फोन स्थिर होता है, तब भी उस पर पृथ्वी का गुरुत्वाकर्षण प्रभाव मौजूद रहता है। सेंसर इस जानकारी से यह अनुमान लगाने में मदद कर सकता है कि फोन किस कोण पर झुका हुआ है।

यही वजह है कि फोन मेज पर रखा होने के बावजूद सेंसर लगातार एक उपयोगी संकेत दे रहा होता है।


जायरोस्कोप कहानी को और सटीक बनाता है

सिर्फ एक्सेलेरोमीटर हर स्थिति में पर्याप्त नहीं होता। जब आप फोन को तेजी से घुमाते हैं, तो जायरोस्कोप उसकी rotation rate मापता है। Android के आधिकारिक दस्तावेज के अनुसार, जायरोस्कोप तीनों अक्षों पर फोन के घूमने की दर को मापता है।

फोन इन दोनों प्रकार के संकेतों को सॉफ्टवेयर के जरिए जोड़ सकता है। इससे उसे समझ आता है कि स्क्रीन को सीधा रखना है या 90 डिग्री घुमाना है।


क्या कम्पास भी जरूरी है?

नहीं। स्क्रीन को ऊपर या नीचे पहचानने के लिए हर बार मैग्नेटोमीटर की जरूरत नहीं होती। Android में gravity, accelerometer, gyroscope और rotation-vector जैसे अलग-अलग सेंसर उपलब्ध हैं और इनके इस्तेमाल डिवाइस तथा सॉफ्टवेयर के अनुसार बदल सकते हैं।

मैग्नेटिक सेंसर मुख्य रूप से पृथ्वी के चुंबकीय क्षेत्र और कम्पास जैसे कामों में उपयोगी होता है।

फोन की यह छोटी सुविधा कितनी स्मार्ट है?

ऑटो-रोटेशन रोजमर्रा की इतनी सामान्य सुविधा बन चुकी है कि हम इसके पीछे की तकनीक पर ध्यान ही नहीं देते। वास्तव में हर बार स्क्रीन घूमने के पीछे सेंसर डेटा, गणना और सॉफ्टवेयर का तेज तालमेल काम कर रहा होता है।

यानी आपका फोन यह नहीं देखता कि आप उसे कैसे पकड़ रहे हैं। वह आपके हाथ की स्थिति को सेंसरों के जरिए गणित में बदलकर उसका अनुमान लगाता है।