बेंगलुरु की इमारतों पर दिखने वाली 'मिस्ट्री वुमन' कौन है? सुलझ गया सबसे बड़ा रहस्य
बेंगलुरु की सड़कों पर चलते हुए या कर्नाटक में किसी भी निर्माणाधीन इमारत (Construction Site) को देखते हुए क्या आपकी नज़र कभी उस पोस्टर पर पड़ी है? एक ऐसी महिला जिसकी आँखें आश्चर्य से फटी हुई हैं और जिसने हाथ में पल्लू थामे साड़ी पहनी है। पिछले कुछ दिनों से यह रहस्यमयी पोस्टर पूरे सोशल मीडिया, खासकर X (ट्विटर) पर चर्चा का विषय बना हुआ था। अब आखिरकार इस 'मिस्ट्री वुमन' की गुत्थी सुलझ गई है।
कैसे शुरू हुई यह चर्चा?
इस पूरे मामले की शुरुआत तब हुई जब महाराष्ट्र की रहने वाली एक महिला, जो फिलहाल बेंगलुरु में रह रही हैं, ने अपनी जिज्ञासा सोशल मीडिया पर साझा की। उन्होंने देखा कि कर्नाटक में जहाँ भी निर्माण कार्य चल रहा है, वहाँ बुरी नज़र से बचने के लिए लगाए जाने वाले पारंपरिक 'नज़रबट्टू' की जगह इस महिला का पोस्टर लगा है।
जब उन्होंने गूगल लेंस के जरिए इसे खोजने की कोशिश की और कुछ हाथ नहीं लगा, तो उन्होंने X पर पोस्टर की फोटो शेयर करते हुए पूछा कि आखिर यह महिला कौन है? 5 जनवरी को शेयर किए गए इस पोस्ट को अब तक 35 लाख से ज़्यादा व्यूज़ मिल चुके हैं।
जैसे ही यह पोस्ट वायरल हुआ, नेटिजन्स ने अपनी-अपनी थ्योरी देना शुरू कर दिया। किसी ने इसे 'नज़रबट्टू' का एक आधुनिक रूप बताया, तो किसी ने कहा कि यह नकारात्मक ऊर्जा को दूर रखने के लिए लगाया गया है। कुछ यूज़र्स ने तो यहाँ तक कह दिया कि शायद यह कोई नया मीम ट्रेंड है, क्योंकि आमतौर पर लोग डरावने चेहरों या नींबू-मिर्च का इस्तेमाल करते हैं, न कि ऐसी किसी तस्वीर का।
AI ने सुलझाई गुत्थी
इस बहस के बीच एक यूज़र ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) प्लेटफॉर्म की मदद ली। AI के विश्लेषण से जो सच सामने आया वह वाकई दिलचस्प था। रिपोर्ट के अनुसार यह महिला कर्नाटक की ही एक प्रसिद्ध यूट्यूबर निहारिका राव हैं।
दरअसल 2023 के एक वीडियो क्लिप में निहारिका का एक 'सरप्राइज रिएक्शन' काफी वायरल हुआ था। इंटरनेट की दुनिया में इसे एक मीम की तरह इस्तेमाल किया जाने लगा। धीरे-धीरे स्थानीय लोगों ने इसे 'दृष्टि गोम्बे' (Drishti Gombe) के तौर पर अपना लिया। पुरानी मान्यताओं के अनुसार निर्माणाधीन इमारतों पर कुछ मजाकिया या अजीबोगरीब चीज़ें लगाई जाती हैं ताकि लोगों का ध्यान भटक जाए और इमारत को नज़र न लगे। निहारिका का वह हैरान कर देने वाला चेहरा अब इसी परंपरा का हिस्सा बन गया है।
तो अगली बार जब आप बेंगलुरु की किसी बिल्डिंग पर इस महिला को देखें, तो समझ जाइएगा कि यह कोई रहस्यमयी साया नहीं बल्कि आधुनिक ज़माने का एक 'डिजिटल नज़रबट्टू' है।
कैसे शुरू हुई यह चर्चा?
इस पूरे मामले की शुरुआत तब हुई जब महाराष्ट्र की रहने वाली एक महिला, जो फिलहाल बेंगलुरु में रह रही हैं, ने अपनी जिज्ञासा सोशल मीडिया पर साझा की। उन्होंने देखा कि कर्नाटक में जहाँ भी निर्माण कार्य चल रहा है, वहाँ बुरी नज़र से बचने के लिए लगाए जाने वाले पारंपरिक 'नज़रबट्टू' की जगह इस महिला का पोस्टर लगा है।जब उन्होंने गूगल लेंस के जरिए इसे खोजने की कोशिश की और कुछ हाथ नहीं लगा, तो उन्होंने X पर पोस्टर की फोटो शेयर करते हुए पूछा कि आखिर यह महिला कौन है? 5 जनवरी को शेयर किए गए इस पोस्ट को अब तक 35 लाख से ज़्यादा व्यूज़ मिल चुके हैं।
इंटरनेट पर कयासों का दौर
जैसे ही यह पोस्ट वायरल हुआ, नेटिजन्स ने अपनी-अपनी थ्योरी देना शुरू कर दिया। किसी ने इसे 'नज़रबट्टू' का एक आधुनिक रूप बताया, तो किसी ने कहा कि यह नकारात्मक ऊर्जा को दूर रखने के लिए लगाया गया है। कुछ यूज़र्स ने तो यहाँ तक कह दिया कि शायद यह कोई नया मीम ट्रेंड है, क्योंकि आमतौर पर लोग डरावने चेहरों या नींबू-मिर्च का इस्तेमाल करते हैं, न कि ऐसी किसी तस्वीर का।
AI ने सुलझाई गुत्थी
इस बहस के बीच एक यूज़र ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) प्लेटफॉर्म की मदद ली। AI के विश्लेषण से जो सच सामने आया वह वाकई दिलचस्प था। रिपोर्ट के अनुसार यह महिला कर्नाटक की ही एक प्रसिद्ध यूट्यूबर निहारिका राव हैं।
दरअसल 2023 के एक वीडियो क्लिप में निहारिका का एक 'सरप्राइज रिएक्शन' काफी वायरल हुआ था। इंटरनेट की दुनिया में इसे एक मीम की तरह इस्तेमाल किया जाने लगा। धीरे-धीरे स्थानीय लोगों ने इसे 'दृष्टि गोम्बे' (Drishti Gombe) के तौर पर अपना लिया। पुरानी मान्यताओं के अनुसार निर्माणाधीन इमारतों पर कुछ मजाकिया या अजीबोगरीब चीज़ें लगाई जाती हैं ताकि लोगों का ध्यान भटक जाए और इमारत को नज़र न लगे। निहारिका का वह हैरान कर देने वाला चेहरा अब इसी परंपरा का हिस्सा बन गया है।
तो अगली बार जब आप बेंगलुरु की किसी बिल्डिंग पर इस महिला को देखें, तो समझ जाइएगा कि यह कोई रहस्यमयी साया नहीं बल्कि आधुनिक ज़माने का एक 'डिजिटल नज़रबट्टू' है।
Next Story