EDLI Scheme: पीएफ खाताधारकों को मिलता है 7 लाख का मुफ्त बीमा, जानिए इसके नियम और फायदे
अगर आप नौकरीपेशा हैं और आपका पीएफ (PF) कटता है, तो यह खबर आपके लिए बहुत काम की साबित होगी। क्या आप जानते हैं कि पीएफ खाताधारकों के लिए ईपीएफओ की तरफ से एक बहुत बड़ी खुशखबरी मिलती है? जैसे ही कोई कर्मचारी ईपीएफओ का मेंबर बनता है, उसे अपने आप एक बड़ा लाइफ इंश्योरेंस कवर मिल जाता है। इस बेहतरीन सुविधा को एम्प्लॉइज डिपॉजिट लिंक्ड इंश्योरेंस स्कीम यानी एडली (EDLI) कहा जाता है।
इस योजना के तहत, अगर नौकरी के दौरान किसी कर्मचारी की अचानक मौत हो जाती है, तो यह स्कीम उसके परिवार के लिए एक बड़ा आर्थिक सहारा बनती है। ऐसी दुखद स्थिति में कर्मचारी के नॉमिनी या कानूनी वारिस को एकमुश्त बीमा राशि दी जाती है। यही वजह है कि एडली को ईपीएफओ की सबसे महत्वपूर्ण सामाजिक सुरक्षा योजनाओं में से एक माना जाता है।
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क्या है ये एडली (EDLI) स्कीम?
एम्प्लॉइज डिपॉजिट लिंक्ड इंश्योरेंस स्कीम (EDLI) सरकार की तरफ से चलाई जाने वाली एक बीमा योजना है, जो पीएफ मेंबर्स को लाइफ इंश्योरेंस कवर देती है। इस स्कीम को खास तौर पर संगठित क्षेत्र में काम करने वाले कर्मचारियों के परिवारों को वित्तीय सुरक्षा देने के उद्देश्य से शुरू किया गया था।
अगर किसी कर्मचारी की सेवा अवधि यानी नौकरी के दौरान मृत्यु हो जाती है, तो एडली के तहत मिलने वाला बीमे का पैसा उसके नॉमिनी या कानूनी वारिस को दिया जाता है। यह पैसा पीएफ खाते में जमा रकम और अन्य रिटायरमेंट फायदों से बिल्कुल अलग होता है। सीधे शब्दों में कहें तो परिवार को पीएफ का पैसा, पेंशन (EPS) का फायदा और एडली बीमा राशि, ये तीनों चीजें अलग-अलग मिलती हैं
क्या कर्मचारी को देना पड़ता है कोई प्रीमियम?
एडली स्कीम की सबसे बड़ी और खास बात यह है कि कर्मचारी को इस बीमा कवर के लिए अपनी जेब से एक भी पैसा नहीं देना पड़ता है। पीएफ मेंबर्स अपने आप इस एडLI स्कीम के दायरे में आ जाते हैं। इस योजना के लिए जरूरी प्रीमियम का भुगतान कंपनी यानी एम्प्लॉयर की तरफ से किया जाता है। इसका मतलब है कि कर्मचारी को बिना कोई अलग प्रीमियम चुकाए एक बड़ा जीवन बीमा कवर मिल जाता है।
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इस योजना के तहत, अगर नौकरी के दौरान किसी कर्मचारी की अचानक मौत हो जाती है, तो यह स्कीम उसके परिवार के लिए एक बड़ा आर्थिक सहारा बनती है। ऐसी दुखद स्थिति में कर्मचारी के नॉमिनी या कानूनी वारिस को एकमुश्त बीमा राशि दी जाती है। यही वजह है कि एडली को ईपीएफओ की सबसे महत्वपूर्ण सामाजिक सुरक्षा योजनाओं में से एक माना जाता है।
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क्या है ये एडली (EDLI) स्कीम?
एम्प्लॉइज डिपॉजिट लिंक्ड इंश्योरेंस स्कीम (EDLI) सरकार की तरफ से चलाई जाने वाली एक बीमा योजना है, जो पीएफ मेंबर्स को लाइफ इंश्योरेंस कवर देती है। इस स्कीम को खास तौर पर संगठित क्षेत्र में काम करने वाले कर्मचारियों के परिवारों को वित्तीय सुरक्षा देने के उद्देश्य से शुरू किया गया था। अगर किसी कर्मचारी की सेवा अवधि यानी नौकरी के दौरान मृत्यु हो जाती है, तो एडली के तहत मिलने वाला बीमे का पैसा उसके नॉमिनी या कानूनी वारिस को दिया जाता है। यह पैसा पीएफ खाते में जमा रकम और अन्य रिटायरमेंट फायदों से बिल्कुल अलग होता है। सीधे शब्दों में कहें तो परिवार को पीएफ का पैसा, पेंशन (EPS) का फायदा और एडली बीमा राशि, ये तीनों चीजें अलग-अलग मिलती हैं
क्या कर्मचारी को देना पड़ता है कोई प्रीमियम?
एडली स्कीम की सबसे बड़ी और खास बात यह है कि कर्मचारी को इस बीमा कवर के लिए अपनी जेब से एक भी पैसा नहीं देना पड़ता है। पीएफ मेंबर्स अपने आप इस एडLI स्कीम के दायरे में आ जाते हैं। इस योजना के लिए जरूरी प्रीमियम का भुगतान कंपनी यानी एम्प्लॉयर की तरफ से किया जाता है। इसका मतलब है कि कर्मचारी को बिना कोई अलग प्रीमियम चुकाए एक बड़ा जीवन बीमा कवर मिल जाता है। कितनी मिलती है बीमे की रकम?
एडली स्कीम के तहत, किसी भी कर्मचारी के परिवार को कम से कम ₹2.5 लाख और अधिकतम ₹7 लाख तक का बीमा लाभ मिल सकता है। यह रकम कर्मचारी की सैलरी और उसके पीएफ अकाउंट से जुड़े कुछ खास नियमों के आधार पर तय होती है। कोरोना महामारी के बाद सरकार ने इस स्कीम के तहत मिलने वाले अधिकतम फायदे को बढ़ाकर ₹7 लाख कर दिया था, जिससे करोड़ों कर्मचारियों के परिवारों को और ज्यादा सुरक्षा मिल सके।ये भी पढ़ें: EPFO Interest Update: पीएफ खाते में कब आएगा ब्याज का पैसा? जानिए देरी की असली वजह









