हैदराबाद हॉस्टल कांड: बच्चे को जन्म देकर फेंकने के आरोप में छात्रा जांच के घेरे में
हैदराबाद से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। बारहवीं कक्षा की एक छात्रा पर आरोप लगा है कि उसने स्कूल हॉस्टल परिसर के अंदर एक बच्चे को जन्म दिया और बाद में उसे इमारत की दूसरी मंजिल से नीचे फेंक दिया, जिससे उसकी मौत हो गई।
पुलिस के अनुसार, यह घटना तेलंगाना माइनॉरिटी रेजिडेंशियल एजुकेशनल इंस्टीट्यूशंस सोसाइटी (TMREIS) द्वारा संचालित गोलकोंडा के एक आवासीय स्कूल में हुई।
यह मामला तब सामने आया, जब स्कूल कर्मचारियों ने स्कूल बिल्डिंग के बाहर जमीन पर एक नवजात शिशु का शव पड़ा हुआ देखा। इसके बाद उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। फिलहाल, घटना से जुड़े सभी पहलुओं की पड़ताल की जा रही है।
पुलिस की एक टीम ने स्कूल परिसर के CCTV फुटेज की जांच की, जिसके आधार पर 18 वर्षीय एक छात्रा को नवजात की मां होने के संदेह में चिन्हित किया गया।
शुरुआती जांच में पता चला है कि छात्रा करीब आठ महीने की गर्भवती थी। पुलिस को संदेह है कि उसने स्कूल परिसर के अंदर ही बच्चे को जन्म दिया। आरोप है कि इसके बाद उसने नवजात का गला दबाकर उसकी हत्या कर दी और फिर उसे दूसरी मंजिल से नीचे फेंक दिया। नीचे गिरने से बच्चे को गंभीर चोटें आईं, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
पुलिस ने नवजात के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए सरकारी अस्पताल भेज दिया है। वहीं, फोरेंसिक विशेषज्ञों ने भी घटनास्थल का दौरा कर जांच के लिए जरूरी सबूत जुटाए हैं।
पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आगे की जांच जारी है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि छात्रा गर्भवती कैसे हुई, बच्चे का पिता कौन है और क्या स्कूल या किसी अन्य व्यक्ति को इस गर्भावस्था की जानकारी थी, या उन्होंने इस घटना में किसी तरह की भूमिका निभाई थी।
शुरुआती जांच के अनुसार, छात्रा का अपने एक रिश्तेदार के साथ संबंध होने का संदेह है। हालांकि, पुलिस ने इस संबंध में अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच जारी है।
पुलिस के अनुसार, यह घटना तेलंगाना माइनॉरिटी रेजिडेंशियल एजुकेशनल इंस्टीट्यूशंस सोसाइटी (TMREIS) द्वारा संचालित गोलकोंडा के एक आवासीय स्कूल में हुई।
यह मामला तब सामने आया, जब स्कूल कर्मचारियों ने स्कूल बिल्डिंग के बाहर जमीन पर एक नवजात शिशु का शव पड़ा हुआ देखा। इसके बाद उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। फिलहाल, घटना से जुड़े सभी पहलुओं की पड़ताल की जा रही है।
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पुलिस की एक टीम ने स्कूल परिसर के CCTV फुटेज की जांच की, जिसके आधार पर 18 वर्षीय एक छात्रा को नवजात की मां होने के संदेह में चिन्हित किया गया।
मां ने नवजात की हत्या कर शव फेंका: पुलिस
शुरुआती जांच में पता चला है कि छात्रा करीब आठ महीने की गर्भवती थी। पुलिस को संदेह है कि उसने स्कूल परिसर के अंदर ही बच्चे को जन्म दिया। आरोप है कि इसके बाद उसने नवजात का गला दबाकर उसकी हत्या कर दी और फिर उसे दूसरी मंजिल से नीचे फेंक दिया। नीचे गिरने से बच्चे को गंभीर चोटें आईं, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
पुलिस ने नवजात के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए सरकारी अस्पताल भेज दिया है। वहीं, फोरेंसिक विशेषज्ञों ने भी घटनास्थल का दौरा कर जांच के लिए जरूरी सबूत जुटाए हैं।
पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आगे की जांच जारी है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि छात्रा गर्भवती कैसे हुई, बच्चे का पिता कौन है और क्या स्कूल या किसी अन्य व्यक्ति को इस गर्भावस्था की जानकारी थी, या उन्होंने इस घटना में किसी तरह की भूमिका निभाई थी।
शुरुआती जांच के अनुसार, छात्रा का अपने एक रिश्तेदार के साथ संबंध होने का संदेह है। हालांकि, पुलिस ने इस संबंध में अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच जारी है।









