Fixed Deposit Interest Rates: 5 साल की एफडी में पैसा लगाने का है प्लान? जानिए देश के प्रमुख बैंकों की नई ब्याज दरें
अगर आप अपने पैसे को पूरी तरह सुरक्षित रखते हुए उस पर तय और शानदार रिटर्न पाना चाहते हैं, तो फिक्स्ड डिपॉजिट यानी एफडी आज भी सबसे भरोसेमंद विकल्पों में से एक है। खासकर 5 साल की एफडी उन लोगों के लिए बहुत लोकप्रिय मानी जाती है जो लंबी अवधि के लिए निवेश करना चाहते हैं और साथ ही इनकम टैक्स की धारा 80C के तहत टैक्स छूट का फायदा भी उठाना चाहते हैं। हालांकि, अलग-अलग बैंक 5 साल की एफडी पर अलग-अलग ब्याज दरें ऑफर करते हैं। इसलिए अपनी मेहनत की कमाई जमा करने से पहले यह जान लेना बेहद जरूरी है कि कौन सा बैंक आपको सबसे ज्यादा फायदा दे रहा है।
निजी क्षेत्र के प्रमुख बैंकों की बात करें तो डीसीबी बैंक और यस बैंक 5 साल की एफडी पर सामान्य नागरिकों को लगभग 6.75 से 7.00 प्रतिशत तक का सालाना ब्याज दे रहे हैं, जबकि वरिष्ठ नागरिकों के लिए यह दर 7.25 से 7.50 प्रतिशत तक पहुंच जाती है। वहीं इंडसइंड बैंक और एक्सिस बैंक में भी सामान्य ग्राहकों को करीब 6.50 से 6.70 प्रतिशत और वरिष्ठ नागरिकों को 7.00 से 7.20 प्रतिशत तक का ब्याज मिल रहा है। आईसीआईसीआई बैंक और एचडीएफसी बैंक में सामान्य नागरिकों को 5 साल की एफडी पर लगभग 6.15 से 6.50 प्रतिशत और वरिष्ठ नागरिकों को 6.65 से 7.00 प्रतिशत का सालाना रिटर्न दिया जा रहा है।
सरकारी बैंकों में देश का सबसे बड़ा बैंक स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) 5 साल की एफडी पर सामान्य नागरिकों को 6.05 प्रतिशत और वरिष्ठ नागरिकों को 7.05 प्रतिशत तक का ब्याज ऑफर कर रहा है। पंजाब नेशनल बैंक (PNB) और बैंक ऑफ बड़ौदा (BoB) भी इसी के आसपास ब्याज दे रहे हैं, जहां सामान्य ग्राहकों को 6.00 प्रतिशत और वरिष्ठ नागरिकों को 6.80 से 7.00 प्रतिशत तक का रिटर्न मिल रहा है।
5 साल की एफडी पर क्यों मिलता है ज्यादा फायदा?
5 साल की अवधि वाली एफडी को आमतौर पर टैक्स सेविंग एफडी भी कहा जाता है। इसमें निवेश करने पर आपको इनकम टैक्स एक्ट के तहत एक वित्तीय वर्ष में ₹1.5 लाख तक की टैक्स कटौती का लाभ मिलता है। इस तरह की एफडी में 5 साल का अनिवार्य लॉक-इन पीरियड होता है, जिसका मतलब है कि आप 5 साल से पहले अपना पैसा नहीं निकाल सकते। यह लॉक-इन पीरियड उन निवेशकों के लिए काफी फायदेमंद साबित होता है जो अनुशासित रहकर लंबी अवधि की बचत करना चाहते हैं और बाजार के उतार-चढ़ाव से दूर रहना पसंद करते हैं।देश के प्रमुख बैंकों की 5 साल की एफडी ब्याज दरें
भारत के बड़े सरकारी और निजी बैंक आम नागरिकों के साथ-साथ वरिष्ठ नागरिकों को भी 5 साल की एफडी पर आकर्षक ब्याज दे रहे हैं। वरिष्ठ नागरिकों को आमतौर पर सामान्य नागरिकों की तुलना में 0.50 प्रतिशत तक का अतिरिक्त ब्याज मिलता है।You may also like
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निजी क्षेत्र के प्रमुख बैंकों की बात करें तो डीसीबी बैंक और यस बैंक 5 साल की एफडी पर सामान्य नागरिकों को लगभग 6.75 से 7.00 प्रतिशत तक का सालाना ब्याज दे रहे हैं, जबकि वरिष्ठ नागरिकों के लिए यह दर 7.25 से 7.50 प्रतिशत तक पहुंच जाती है। वहीं इंडसइंड बैंक और एक्सिस बैंक में भी सामान्य ग्राहकों को करीब 6.50 से 6.70 प्रतिशत और वरिष्ठ नागरिकों को 7.00 से 7.20 प्रतिशत तक का ब्याज मिल रहा है। आईसीआईसीआई बैंक और एचडीएफसी बैंक में सामान्य नागरिकों को 5 साल की एफडी पर लगभग 6.15 से 6.50 प्रतिशत और वरिष्ठ नागरिकों को 6.65 से 7.00 प्रतिशत का सालाना रिटर्न दिया जा रहा है।
सरकारी बैंकों में देश का सबसे बड़ा बैंक स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) 5 साल की एफडी पर सामान्य नागरिकों को 6.05 प्रतिशत और वरिष्ठ नागरिकों को 7.05 प्रतिशत तक का ब्याज ऑफर कर रहा है। पंजाब नेशनल बैंक (PNB) और बैंक ऑफ बड़ौदा (BoB) भी इसी के आसपास ब्याज दे रहे हैं, जहां सामान्य ग्राहकों को 6.00 प्रतिशत और वरिष्ठ नागरिकों को 6.80 से 7.00 प्रतिशत तक का रिटर्न मिल रहा है।





