PPF Investment Calculation: सरकारी स्कीम में थोड़ा-थोड़ा पैसा लगाकर 15 साल में बनाए लाखों का फंड
आज के समय में हर कोई यही चाहता है कि वो अपनी कमाई को ऐसी जगह पर लगाए जहां उसका पैसा पूरी तरह से सुरक्षित रहे। लोग चाहते हैं कि भविष्य में उन्हें अपनी जमा पूंजी पर अच्छा खासा रिटर्न भी मिले। बाजार में उतार-चढ़ाव चलता रहता है और कई जगहों पर पैसा लगाने में जोखिम भी होता है। इन सबके बीच अगर कोई स्कीम सबसे ज्यादा भरोसेमंद मानी जाती है, तो वो है पब्लिक प्रोविडेंट फंड। ये एक ऐसी सरकारी स्कीम है जो लोगों को सुरक्षा तो देती ही है, साथ ही इसमें कंपाउंडिंग का फायदा भी मिलता है। अगर कोई इसमें लंबे समय तक लगातार पैसा जमा करता रहे, तो छोटी सी रकम भी आगे चलकर एक बड़ा फंड बन जाती है।
सरकार की गारंटी और सुरक्षा
पब्लिक प्रोविडेंट फंड की सबसे खास बात ये है कि इसके पीछे भारत सरकार की गारंटी होती है। इसका मतलब है कि इसमें पैसा डूबने का कोई भी डर नहीं होता है। जो लोग जोखिम नहीं लेना चाहते और चाहते हैं कि उनका पैसा धीरे-धीरे लेकिन पक्के तौर पर बढ़ता रहे, उनके लिए ये स्कीम बहुत अच्छी है। इस स्कीम का समय 15 साल का होता है, इसलिए ये लंबे समय के लक्ष्यों के लिए बहुत काम आती है। जैसे कि बच्चों की पढ़ाई का खर्चा, उनकी शादी या फिर अपने बुढ़ापे के लिए पैसे जोड़ने के लिए लोग इस स्कीम का खूब इस्तेमाल करते हैं।ब्याज दर और बढ़ने का तरीका
अभी जो नियम चल रहे हैं, उनके हिसाब से पीपीएफ खाते पर सालाना 7.1 प्रतिशत का ब्याज मिल रहा है। इस स्कीम में सबसे अच्छी बात ये है कि इसमें ब्याज के ऊपर भी ब्याज मिलता है, जिसे कंपाउंडिंग कहते हैं। इसी वजह से जो पैसा इसमें जमा किया जाता है, वो समय के साथ बहुत तेजी से बढ़ता है। हर साल जुड़ने वाला ब्याज मूल रकम में जुड़ जाता है और फिर उस पर भी ब्याज मिलता है। यही कारण है कि 15 साल के अंत में जमा करने वाले के पास एक मजबूत फंड तैयार हो जाता है।You may also like
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